स्वयं सहायता समूहों से सुदृढ़ हो रही ग्रामीण अर्थव्यवस्था
चिरईडोंगरी में अधिकारियों ने महिलाओं को किया आत्मनिर्भरता के लिए प्रेरित
- नारायणगंज में राज्य परियोजना प्रबंधक ने किया आजीविका गतिविधियों का भौतिक सत्यापन
- मां रेवा एग्रो प्रोसेसिंग इकाई का लिया जायजा
मंडला महावीर न्यूज 29. मध्य प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के राज्य परियोजना प्रबंधक मनीष पवार ने नारायणगंज विकासखंड का सघन भ्रमण किया। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र में संचालित आजीविका गतिविधियों और महिला स्वयं सहायता समूहों के कार्यों का भौतिक एवं ऑनलाइन सत्यापन कर वस्तुस्थिति का जायजा लिया।
बताया गया कि भ्रमण के दौरान श्री पवार ने सबसे पहले ग्राम टिकरिया स्थित मां रेवा एग्रो प्रोसेसिंग इकाई का निरीक्षण किया। उन्होंने इकाई के संचालन, उत्पादन क्षमता और आजीविका संवर्धन से जुड़े विभिन्न पहलुओं की गहन समीक्षा की। समूह द्वारा किए जा रहे उत्कृष्ट कार्यों की सराहना करते हुए उन्होंने इन गतिविधियों को और अधिक सुदृढ़ एवं व्यावसायिक बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
चिरईडोंगरी में महिलाओं से किया सीधा संवाद
भ्रमण के दौरान राज्य परियोजना प्रबंधक ने ग्राम चिरईडोंगरी पहुंचकर मां रिद्धि सिद्धि स्वयं सहायता समूह की बैठक में सहभागिता की। यहाँ उन्होंने समूह की प्रत्येक सदस्य से सीधा संवाद कर उनकी वर्तमान आर्थिक व सामाजिक स्थिति की जानकारी ली। भौतिक व ऑनलाइन माध्यम से समूह के रिकॉर्ड और अभिलेखों का बारीकी से मिलान किया। समूह से वर्तमान में जुड़ीं और छोड़ चुकीं महिलाओं का डेटा चेक किया। साप्ताहिक, मासिक बैठकों, नियमित बचत और समूह संचालन की समीक्षा की।
आत्मनिर्भरता और सशक्तिकरण का दिया मंत्र
श्री पवार ने उपस्थित महिलाओं को नियमित बैठकें आयोजित करने, दस्तावेजों को अपडेट रखने और अपनी आजीविका गतिविधियों का विस्तार करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि स्वयं सहायता समूह ग्रामीण महिलाओं के सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण का सबसे सशक्त माध्यम हैं। इनके सुचारू संचालन से ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई दिशा और मजबूती मिल रही है। इस अवसर पर आजीविका मिशन के ब्लाक प्रबंधक श्रुति सागर, स्थानीय अधिकारी-कर्मचारी और स्वयं सहायता समूहों की महिलाएं उपस्थित रहीं।









