समान नागरिक संहिता के लिए मध्यप्रदेश में जन परामर्श शुरू
मुख्यमंत्री ने लॉन्च की समर्पित वेबसाइट
- नागरिक 15 जून तक दे सकेंगे अपने सुझाव
- समिति जिलों का दौरा कर जुटाएगी जनमत
भोपाल/मंडला महावीर न्यूज 29. मध्यप्रदेश में समान नागरिक संहिता (UCC) को लागू करने की दिशा में राज्य सरकार ने एक बड़ा और ऐतिहासिक कदम उठाया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंत्रालय में समान नागरिक संहिता मध्यप्रदेश की आधिकारिक वेबसाइट (https://ucc.mp.gov.in/) का लोकार्पण किया। इस पहल का उद्देश्य प्रदेश के नागरिकों, राजनीतिक दलों और गैर-शाकीय संगठनों से इस महत्वपूर्ण विषय पर उनके बहुमूल्य सुझाव आमंत्रित करना है।
वेबसाइट और जन परामर्श की मुख्य बातें
वेबसाइट का लोकार्पण: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने वेबसाइट का विमोचन करते हुए कहा कि एक राष्ट्र, एक विधान और एक निशान की तर्ज पर “एक विधि” की दिशा में मध्यप्रदेश अपनी जिम्मेदारी निभा रहा है।
सुझाव देने की समय-सीमा: आम नागरिक इस वेबसाइट के माध्यम से 22 मई 2026 से 15 जून 2026 तक अपने सुझाव ऑनलाइन दर्ज करा सकेंगे।
जिलों का दौरा: केवल ऑनलाइन ही नहीं, बल्कि समान नागरिक संहिता के लिए गठित उच्च स्तरीय समिति प्रदेश के विभिन्न जिलों का दौरा कर नागरिकों से सीधे सुझाव और राय प्राप्त करेगी।
उद्देश्य: यह समिति विवाह, भरण-पोषण, विवाह विच्छेद (तलाक), और उत्तराधिकार जैसे पारिवारिक कानूनों के सामाजिक व प्रशासनिक पहलुओं का विस्तृत अध्ययन करेगी।
ऐतिहासिक पहल
मुख्यमंत्री ने वेबसाइट निर्माण के लिए समिति के प्रयासों की सराहना करते हुए इसे एक ऐतिहासिक निर्णय बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की पहल पर राज्यों में यह कार्य शुरू हुआ है, जिसकी आवश्यकता स्वतंत्रता के बाद से ही महसूस की जा रही थी। यह समिति नागरिकों के हितों की सुरक्षा के लिए पारिवारिक विधियों का समग्र अध्ययन करेगी और प्राप्त सभी सुझावों का संकलन कर उन पर विचार-मंथन किया जाएगा।
इस अवसर पर समान नागरिक संहिता उच्च स्तरीय समिति की अध्यक्ष, सुप्रीम कोर्ट की सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति श्रीमती प्रकाश रचना देसाई ने वर्चुअली संबोधित किया। कार्यक्रम में मुख्य सचिव श्री अनुराग जैन, समिति के सचिव श्री अजय कटेसरिया और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।










