देवरी में श्रीमद् भागवत कथा की धूम, राम जन्म के प्रसंग पर भक्ति में डूबे श्रद्धालु
- भगवान के विविध अवतारों का हुआ वर्णन
- पंडित कृष्णगोपाल पाण्डेय की ओजस्वी वाणी से बह रही भक्ति की गंगा
- भए प्रगट कृपाला के जयकारों से गूंजा समूचा क्षेत्र
मंडला महावीर न्यूज 29. आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र नारायणगंज के ग्राम देवरी में इन दिनों आध्यात्मिक उत्सव का माहौल है। समस्त ग्रामवासियों और महिला मंडल के विशेष सहयोग से आयोजित नौ दिवसीय श्रीमद् भागवत महापुराण ज्ञान यज्ञ में भक्ति और आस्था की अविरल धारा बह रही है। इस आयोजन ने पूरे गांव को भक्तिमय कर दिया है, जहाँ सुबह से लेकर शाम तक केवल श्री हरि के जयकारे और शंख ध्वनि सुनाई दे रही है।
कथा के तीसरे दिन कथा व्यास पंडित कृष्णगोपाल पाण्डेय ने अपनी ओजस्वी वाणी से भगवान के विभिन्न अवतारों की महिमा का बखान किया। उन्होंने अत्यंत मार्मिक ढंग से नरसिंह भगवान के प्राकट्य और हिरण्यकश्यप वध के प्रसंग को सुनाया, जिसे सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। इसके बाद वामन भगवान और राजा बलि के प्रसंग के माध्यम से अहंकार त्याग और दान के महत्व पर प्रकाश डाला गया।
भक्तिमय हुआ वातावरण
भव्य आरती के साथ समापन कथा का मुख्य आकर्षण श्री राम जन्म का प्रसंग रहा। जैसे ही व्यासपीठ से भगवान राम के जन्म की कथा शुरू हुई पूरा पंडाल भए प्रगट कृपाला, दीनदयाला के जयघोष से गूंज उठा। इस दौरान फूलों की वर्षा की गई और श्रद्धालुओं ने भक्ति में मग्न होकर नृत्य किया। तीसरे दिन की कथा का समापन महाआरती और प्रसाद वितरण के साथ हुआ।
सामूहिक सहयोग की अनूठी मिसाल
ग्राम देवरी का यह आयोजन सामाजिक समरसता और सामूहिक सहयोग की अनूठी मिसाल पेश कर रहा है। महिला मंडल की सक्रिय भागीदारी और ग्रामवासियों के प्रबंधन के कारण कथा स्थल पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। कथा सुनने के लिए न केवल देवरी, बल्कि आसपास के अनेक ग्रामों से बड़ी संख्या में महिला एवं पुरुष श्रद्धालु पहुँच रहे हैं। पंडित कृष्णगोपाल पाण्डेय ने बताया कि भागवत कथा केवल श्रवण मात्र के लिए नहीं, बल्कि जीवन में उतारने के लिए है।










