मोहगांव और नैनपुर को मोतियाबिंद मुक्त बनाने की कवायद, 432 वृद्धों के सफल ऑपरेशन
- लक्ष्य के करीब स्वास्थ्य विभाग
- 500 ऑपरेशन के संकल्प के साथ थामी बुजुर्गों की लाठी
- प्रधानमंत्री मोतियाबिंद मुक्त भारत अभियान
मंडला महावीर न्यूज 29. भारत सरकार के प्रधानमंत्री मोतियाबिंद मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत मंडला जिले को अंधत्व से मुक्ति दिलाने के लिए एक वृहद अभियान चलाया जा रहा है। सीएमएचओ डॉ. धारित्री जे. मोहंती के निर्देशन में जिले के दो विकासखंड मोहगांव और नैनपुर का चयन कर उन्हें पूर्णत: मोतियाबिंद मुक्त बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
अभियान के तहत ग्रामीण स्तर पर स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं द्वारा वृद्धजनों की सूची तैयार की गई। शिविरों में उनकी आंखों की जांच के साथ ब्लड प्रेशर, शुगर और एचआईवी टेस्ट जैसी आवश्यक जांचें पूरी की गईं। चिन्हित मरीजों को शासकीय वाहनों, 108 एंबुलेंस, चुटका परियोजना की बस और स्वयंसेवी संस्थाओं की एंबुलेंस के माध्यम से सुरक्षित जिला चिकित्सालय पहुंचाया गया।
432 वृद्धजनों का हुआ सफलतापूर्वक ऑपरेशन
वरिष्ठ नेत्र चिकित्सा सहायक एवं उप जिला कार्यक्रम प्रबंधक (अंधत्व) हीरानंद चंद्रवंशी ने बताया कि 15 से 23 दिसंबर तक कुल 500 ऑपरेशनों का लक्ष्य रखा गया था। इस अभियान के तहत अब तक 432 वृद्धजनों का सफलतापूर्वक ऑपरेशन किया जा चुका है, जिनमें 277 महिलाएं और 155 पुरुष शामिल हैं। विशेष बात यह है कि इस शिविर में दिव्यांगजनों ने भी लाभ उठाया। जबलपुर के प्रसिद्ध नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. तरुण अहरवाल, जिन्हें 50 हजार से अधिक सफल सर्जरी के लिए सम्मानित किया जा चुका है, अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
अटल वयो अभ्युदय योजना का मिल रहा लाभ
मरीजों को न केवल नि:शुल्क ऑपरेशन और लेंस इम्प्लांट की सुविधा दी जा रही है, बल्कि उन्हें अटल वयो अभ्युदय योजना से भी जोड़ा गया है। इसके तहत ऑपरेशन के एक माह के भीतर मरीजों के बैंक खाते में आने-जाने के खर्च के लिए 200 की राशि प्रदान की जाएगी। इस सफलता में नेत्र चिकित्सा सहायक संजय भोयर, सतीश उलाड़ी, वैशाली सहलाम और पूरी स्वास्थ्य टीम का महत्वपूर्ण योगदान रहा है।
इस वर्ष हुए 900 से अधिक ऑपरेशन
इस अभियान के तहत 15 से 23 दिसंबर के दौरान वृहद अभियान चलाकर जिला चिकित्सालय में 500 ऑपरेशन का लक्ष्य रखा गया हैं। सोमवार को 85 ऑपरेशन किए गए। हीरानंद चंद्रवंशी ने बताया कि इस वित्तीय वर्ष में अब तक जिला चिकित्सालय में राष्ट्रीय नियंत्रण दृष्टि विहीनता के तहत 900 से अधिक ऑपरेशन किए जा चुके है। सोमवार को हुए मोतियाबिंद ऑपरेशन के दौरान नेत्र चिकित्सा सहायक एवं उप जिला कार्यक्रम प्रबंधक मंडला हीरानंद चंद्रवंशी, नेत्र चिकित्सा सहायक संजय भोयर, सतीश उलाड़ी, नर्सिंग ऑफिसर वैशाली सहलाम, सूर्य पटेल, सहायक राजेश पटेल उल्लेखनीय भूमिका का निर्वहन कर रहे है।
इनका कहना है
हमारा मुख्य उद्देश्य मंडला के बुजुर्गों को श्रेष्ठ स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है। जब हम स्वयं उच्च स्तरीय सेवाएं दे सकते हैं, तो हमारे वयोवृद्ध जिले के बाहर क्यों जाएं, जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग पूरी संवेदनशीलता के साथ बुजुर्गों की सेवा और उनकी आंखों की रोशनी लौटाने के लिए संकल्पित है।

डॉ. डीजे मोहंती, सीएमएचओ, मंडला
समाज के बुजुर्ग हमारे सम्मान और विशेष सेवा के अधिकारी हैं। एक सुनियोजित टीमवर्क और बेहतर समन्वय के माध्यम से ही हम इतने बड़े लक्ष्य को हासिल कर पा रहे हैं। परिवहन से लेकर ऑपरेशन तक की व्यवस्था इसलिए की गई ताकि किसी भी वृद्धजन को असुविधा न हो।

हीरानंद चंद्रवंशी (उप जिला कार्यक्रम प्रबंधक ( अंधत्व)










