खौफनाक: मंडला में भाई ही निकला भाई का कातिल
लाश के टुकड़े कर सेप्टिक टैंक में छिपाए
- अंजनिया पुलिस की बड़ी सफलता
- लापता युवक की हत्या का 24 घंटे में खुलासा
- आरोपी बड़ा भाई गिरफ्तार
मंडला महावीर न्यूज 29 | मंडला पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा के निर्देशन में अंजनिया पुलिस ने एक रोंगटे खड़े कर देने वाले हत्याकांड का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए महज 24 घंटे के भीतर हत्या की गुत्थी सुलझाकर आरोपी को सलाखों के पीछे भेज दिया है। चौंकाने वाली बात यह है कि सगे बड़े भाई ने ही अपने छोटे भाई की निर्मम हत्या कर साक्ष्य छिपाने के लिए लाश के टुकड़े कर दिए थे।
जानकारी अनुसार घटना का खुलासा तब हुआ जब 17 अप्रैल को फरियादी मुन्ना लाल साहू ने पुलिस को सूचना दी कि उनका पुत्र आशीष जो 11 अप्रैल से लापता था, उसके बारे में घर की तलाशी के दौरान संदिग्ध साक्ष्य मिले हैं। घर से बिछौना गायब था और सेप्टिक टैंक से असहनीय दुर्गंध आ रही थी।
सूचना पर जब पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सेप्टिक टैंक के ऊपर लगी नवीन सीमेंट की परत को हटवाया, तो अंदर का दृश्य देख सभी दंग रह गए। टैंक के भीतर से आशीष के शव के कई टुकड़े बरामद हुए।
पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल बीएनएस की सुसंगत धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। संदेह के आधार पर मृतक के बड़े भाई घनश्याम को हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की गई। शुरुआत में गुमराह करने के बाद आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
अपराध का तरीका और साक्ष्य
बताया गया कि आरोपी ने हत्या के बाद शव को ठिकाने लगाने के लिए उसके टुकड़े किए और उन्हें सेप्टिक टैंक में डालकर ऊपर से सीमेंट की परत चढ़ा दी ताकि किसी को शक न हो। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त हथियार बरामद कर लिया है। एफएसएल (FSL) टीम द्वारा मौके से महत्वपूर्ण वैज्ञानिक साक्ष्य संकलित किए गए हैं।
अंजनिया पुलिस टीम की रही सराहनीय भूमिका
इस अंधे कत्ल और जघन्य अपराध का खुलासा करने में अंजनिया चौकी प्रभारी निरीक्षक जय सिंह यादव, उनि प्रवीण शर्मा, सउनि राजेश सराठे, प्रधान आरक्षक नारायण उईके एवं उनकी टीम की मुख्य भूमिका रही। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की जिले भर में सराहना हो रही है।










