आध्यात्मिक चेतना का महासंगम
- बीजाडांडी में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब
- सत्संग से मिला नशामुक्ति और नैतिकता का संदेश
- हजारों भक्तों ने ली नाम दीक्षा
- सत्संग के माध्यम से समाज को कुरीतियों से दूर रहने का किया आह्वान
मंडला महावीर न्यूज 29. सत्संग की आधी घड़ी, तप के वर्ष हजार कबीर साहेब की इस अमृतवाणी को साकार करते हुए बीजाडांडी ब्लॉक मुख्यालय पर जिला स्तरीय एक दिवसीय सत्संग एवं नाम दीक्षा कार्यक्रम का आयोजन संपन्न हुआ। संत रामपाल महाराज के अनुयायियों द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम में जिले भर से आए लगभग 1000 से अधिक श्रद्धालुओं ने शिरकत कर धर्मलाभ प्राप्त किया।
इस जिला स्तरीय समागम में मंडला जिले के विभिन्न ब्लॉकों और सुदूर ग्रामीण अंचलों से बड़ी संख्या में महिला, पुरुष, युवा और बुजुर्गों की उपस्थिति रही। सुबह से ही कार्यक्रम स्थल श्रद्धालुओं की भीड़ से गुलजार हो गया था। पूरा वातावरण भजनों और आध्यात्मिक चर्चाओं से भक्तिमय बना रहा।
सत्संग के दौरान वक्ताओं ने मानव जीवन के वास्तविक उद्देश्य पर प्रकाश डाला। उन्होंने सामाजिक कुरीतियों को त्यागने, नशामुक्त जीवन जीने, पारिवारिक संस्कारों को सहेजने और आपसी भाईचारे को बढ़ाने का संदेश दिया। वक्ताओं ने जोर देकर कहा कि सत्संग केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि समाज को सकारात्मक दिशा देने और नैतिक मूल्यों से जोडऩे का एक सशक्त माध्यम है।
बड़ी संख्या में हुआ नाम दान
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण नाम दीक्षा सत्र रहा, जिसमें बड़ी संख्या में नए श्रद्धालुओं ने दीक्षा ग्रहण कर भक्ति मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। दीक्षा प्राप्त करने वाले भक्तों ने साझा किया कि इस सत्संग से उन्हें मानसिक शांति और जीवन के प्रति एक नई सकारात्मक दृष्टि प्राप्त हुई है। कार्यक्रम स्थल पर सेवादारों द्वारा की गई अनुशासन, स्वच्छता और बैठने की व्यवस्था की सभी ने सराहना की। पेयजल से लेकर श्रद्धालुओं के मार्गदर्शन तक, हर व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित की गई। आयोजकों ने बताया कि ऐसे कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य युवाओं को नशे की लत से बचाना और समाज में आध्यात्मिक जागृति लाना है।









