स्कूल नहीं, पन्नी की कक्षा
- पांच साल से फर्श पर पढ़ रहे बच्चों के मामले में मानव अधिकार आयोग ने मांगा जवाब
- मप्र मानव अधिकार आयोग सदस्य ने लिया संज्ञान
- कलेक्टर और डीईओ मंडला को दो सप्ताह में कार्रवाई रिपोर्ट सौंपने का निर्देश
मंडला महावीर न्यूज 29. मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग के सदस्य डॉ. अवधेश प्रताप सिंह ने विगत दिवसों के समाचार पत्रों में प्रकाशित प्रथम दृष्टया मानव अधिकार उल्लंघन के पांच मामलों में संज्ञान लिया है, जिनमें एक मामला मंडला जिले से संबंधित है। बताया गया कि यह मामला मंडला जिले के वन ग्राम घोड़ाडीह बुजबुजिया में स्थित प्राइमरी स्कूल से जुड़ा है। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार इस स्कूल के आदिवासी बच्चे जर्जर भवन के कारण पिछले पांच वर्षों से पन्नी और लकड़ी से बनी अस्थायी झोपड़ी में फर्श पर बैठकर पढ़ाई करने को मजबूर हैं। बुनियादी सुविधाओं के अभाव में बच्चों की शिक्षा प्रभावित हो रही है।
आयोग ने इस गंभीर मामले को संज्ञान लेते हुए कलेक्टर एवं जिला शिक्षा अधिकारी मंडला से मामले की जांच कर, की गई कार्यवाही का प्रतिवेदन दो सप्ताह में मांगा है। इस बात की जानकारी मप्र मानव अधिकार आयोग मित्र सावन सिंह ठाकुर ने दी।









