पुलिस की जीवन रक्षक पहल
- ड्यूटी के साथ जान बचाना भी सीखेंगे जवान
- डायल-112 पायलटों को मिला बेसिक लाइफ सपोर्ट का प्रशिक्षण
- मंडला पुलिसकर्मी अब आपात स्थिति में दे सकेंगे सीपीआर, बीएलएस सहायता
मंडला महावीर न्यूज 29. पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा के निर्देशन में पुलिस विभाग और स्वास्थ्य विभाग मंडला की संयुक्त टीम द्वारा पुलिस बल को मौके पर तुरंत जीवन रक्षक सहायता प्रदान करने के लिए सक्षम बनाने के उद्देश्य से एक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। पुलिस कंट्रोल रूम मंडला में आयोजित इस प्रशिक्षण में पुलिस कर्मियों और डायल-112 एफआरवी पायलटों, वाहन चालकों को बीएलएस का गहन प्रशिक्षण दिया गया।
बताया गया कि जिला अस्पताल के डॉ. प्रवीण उईके ने प्रशिक्षणार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने प्रतिभागियों को किसी घायल या अचेत व्यक्ति को आपातकालीन स्थिति में प्राथमिक जीवन रक्षक सहायता प्रदान करने संबंधी कई उपयोगी तकनीकें सिखाईं। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य पुलिस बल को घटनास्थल पर पहुंचने पर तुरंत और प्रभावी ढंग से राहत प्रदान करने के लिए तैयार करना है।
पुलिस अधीक्षक ने दिए सख्त निर्देश
प्रशिक्षण के समापन पर पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा ने एफआरवी पायलटों को ड्यूटी के संबंध में महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि ड्यूटी के दौरान बॉडी वॉर्न कैमरा अवश्य धारण करें। आवश्यकतानुसार पीए सिस्टम का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करें। आम नागरिकों के साथ शिष्ट और संवेदनशील व्यवहार बनाए रखें। एफआरवी वाहनों में उपलब्ध आपातकालीन उपकरण और स्ट्रेचर के उपयोग को समझें और हमेशा तैयार रहें। पेट्रोलिंग पॉइंट्स के बीच नियमित मूवमेंट बनाए रखने के निर्देश दिए।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिला प्रभारी (रेडियो) निरीक्षक केजी जगाती, डायल-112 प्रभारी सहायक उप निरीक्षक (रेडियो) घनश्याम पुसाम एवं जिला सुपरवाइजर डायल-112 लोकेश सहित अन्य पुलिस अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।











