ई-अटेंडेंस का विरोध तेज
- 15 अक्टूबर को सीएम के नाम सौंपा जाएगा ज्ञापन
- ई-अटेंडेंस व्यवस्था थोपने के खिलाफ एकजुट हुए शिक्षक संगठन
मंडला महावीर न्यूज 29. मध्यप्रदेश के शिक्षकों में एक बार फिर ई-अटेंडेंस प्रणाली लागू करने के विभाग के निर्देश को लेकर गहरा असंतोष है। विभिन्न शिक्षक संगठनों ने इस व्यवस्था को अपमानजनक बताते हुए इसके विरोध में 15 अक्टूबर को एकजुट होकर रैली निकालने और मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपने का निर्णय लिया है।
शिक्षकों का आरोप है कि शासन-प्रशासन उनकी मूलभूत आवश्यकताओं और अधिकारों को दरकिनार कर रहा है, जबकि बार-बार नए नियम बनाकर उन्हें उलझाए रखने का प्रयास किया जा रहा है। विरोध का मुख्य कारण ई-अटेंडेंस व्यवस्था है, जिसे शिक्षा विभाग और ट्रायबल विभाग ने हाल ही में लागू करने के निर्देश जारी किए हैं। शिक्षक संगठनों का कहना है कि पूर्व मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने इस व्यवस्था को अपमानजनक मानते हुए लागू नहीं किया था, लेकिन अब इसे शिक्षकों पर जबरन थोपा जा रहा है। ई-अटेंडेंस के विरोध में मप्र के लगभग सभी शिक्षक संगठन एकजुट हुए हैं। विरोध प्रदर्शन का आयोजन 15 अक्टूबर को शाम पांच बजे बैगा बैगी चौक से कलेक्ट्रेट तक रैली के रूप में किया जाएगा, जिसके बाद कलेक्टर को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा।
एनएमओपीएस के प्रांतीय अध्यक्ष परमानन्द डेहरिया और एसोसिएशन के प्रांताध्यक्ष डीके सिंगौर के मार्गदर्शन में होने वाले इस विरोध में ट्रायबल वेलफेयर टीचर्स एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष दिलीप मरावी, मध्यप्रदेश शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष विवेक शुक्ला, एनएमओपीएस के जिलाध्यक्ष सनातन सैनी, अपाक्स संघ के जिलाध्यक्ष संजीव सोनी, मध्यप्रदेश लिपिक संघ जिलाध्यक्ष सतीष चन्द्रोल, आदर्श गुरुजी संघ जिलाध्यक्ष श्याम बैरागी और आजाक्स जिलाध्यक्ष गजराज मरावी सहित आकास जिला उपाध्यक्ष अनिल मरकाम ने जिले के सभी शिक्षकों से अपील की है कि वे संघवाद से ऊपर उठकर शिक्षकों के हित में आयोजित इस रैली और ज्ञापन कार्यक्रम में शामिल हों।









