13 वर्षों से नौकरी का इंतजार, सदमे में गई भूमि अधिग्रहित परिवार की महिला की जान
- रेलवे अधिकारियों पर गुमराह करने का आरोप
- पीडि़त पुत्र ने कलेक्टर से लगाई न्याय की गुहार
मंडला महावीर न्यूज 29. जिले के बम्हनी बंजर निवासी एक युवक ने रेलवे विभाग पर गंभीर आरोप लगाते हुए कलेक्टर से शिकायत की है। युवक का आरोप है कि दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे (दपूम रेल्वे) द्वारा 13 वर्षों तक नौकरी देने का आश्वासन देकर गुमराह किया गया, जिसके सदमे और तनाव के कारण उसकी माँ की हाल ही में मृत्यु हो गई।
बम्हनी बंजर निवासी संदेश पटेल 26 वर्ष ने कलेक्टर को दिए ज्ञापन में बताया कि उनके नाना श्याम सुंदर चंद्रौल की ग्राम बम्हनी बंजर स्थित खसरा नंबर 811/7 की भूमि का 0.117 हेक्टेयर रकबा 2011-2012 में छिंदवाड़ा-नैनपुर-मंडला फोर्ट अमान परिवर्तन परियोजना के लिए अधिग्रहित किया गया था। संदेश पटेल ने बताया कि शासन द्वारा अधिग्रहित भूमि के एवज में परिवार के एक सदस्य को पे मैट्रिक्स लेवल 17वें वेतनमान पर रेलवे में नौकरी देने की घोषणा की गई थी।
मां ने गंवाई जान
घोषणा के बाद संदेश पटेल की माँ ने नौकरी के लिए आवेदन दिया। उन्होंने रेलवे कार्यालय नागपुर और बिलासपुर के कई चक्कर काटे, लेकिन कोई कार्यवाही नहीं हुई। शिकायत में कहा गया है कि हाल ही में रेलवे अधिकारियों ने उनकी माँ से कह दिया कि अब नौकरी देना बंद कर दिया गया है और सारी प्रक्रिया बंद कर दी गई है। रेलवे अधिकारियों की बातें सुनकर संदेश पटेल की माँ सदमे और तनाव में आ गईं। नौकरी न मिलने और परिवार के भरण-पोषण की समस्या से तनावग्रस्त होकर विगत माह 19 नवंबर को उनकी मृत्यु हो गई। संदेश पटेल ने कलेक्टर से इस पूरे मामले की गहन जांच कराने और उनके परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है। उन्होंने खुद को आश्रित बताते हुए रेलवे में नौकरी दिलाने की गुहार लगाई है।









