मंडला पुलिस का नाइट ऑपरेशन
अवैध मवेशी तस्करी का भंडाफोड़, 5 पिकअप वाहनों के साथ 9 तस्कर गिरफ्तार
- रात के अंधेरे में कू्ररतापूर्वक ले जाए जा रहे 15 मवेशी कराए गए मुक्त
- 36.35 लाख का मशरूका जब्त, सभी आरोपी छत्तीसगढ़ के निवासी
मंडला महावीर न्यूज 29. जिले में अवैध मवेशी तस्करी के खिलाफ मंडला पुलिस ने एक बड़ी और प्रभावी कार्रवाई की है। बिछिया पुलिस ने देर रात चेकिंग अभियान चलाकर मवेशियों से भरे 5 पिकअप वाहनों को जब्त किया है। इस कार्रवाई में 15 मवेशियों को सुरक्षित बचाते हुए तस्करी में शामिल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अधीक्षक राजेश रघुवंशी के कड़े निर्देशों के बाद जिले में अवैध व क्रूरतापूर्वक मवेशी परिवहन के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में बिछिया थाना प्रभारी रंजीत सिंह सैयाम के नेतृत्व में पुलिस टीम ने इस बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया।
जानकारी अनुसार 26 और 27 सितंबर की मध्यरात्रि बिछिया पुलिस की टीम इलाके में रात्रि गश्त पर थी। इसी दौरान मुखबिर से मवेशियों की तस्करी की पुख्ता सूचना मिली। सूचना के आधार पर पुलिस ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर सघन वाहन चेकिंग अभियान शुरू किया। रात के अंधेरे में गुजर रहे पांच संदिग्ध पिकअप वाहनों को जब रोककर चेक किया गया, तो उनमें क्रूरतापूर्वक ठूंस-ठूंस कर भरे गए मवेशी पाए गए।
36 लाख से अधिक का माल जब्त, मुंगेली के हैं आरोपी
बताया गया कि पुलिस ने मौके से 5 पिकअप वाहनों को जब्त कर उनमें लदे 15 मवेशियों को मुक्त कराया। इस पूरी कार्रवाई में मवेशियों और वाहनों सहित कुल 36 लाख 35 हजार रुपये का मशरूका जब्त किया गया है। पकड़े गए सभी 9 आरोपी पड़ोसी राज्य छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों के रहने वाले हैं। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, ‘मध्यप्रदेश कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम और मोटरयान अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
कांजीहाउस भेजे गए मवेशी
तस्करों के चंगुल से मुक्त कराए गए सभी 15 मवेशियों को सुरक्षित रूप से बिछिया स्थित कांजीहाउस में भिजवा दिया गया है, जहां उनके संरक्षण और आगे की जरूरी कागजी प्रक्रिया पूरी की जा रही है। इस सफल नाइट ऑपरेशन और मवेशी तस्करों को पकडऩे में बिछिया थाने के सउनि कलीराम उइके, प्रधान आरक्षक अनिल मर्सकोले, जितेन्द्र, देवराज वाडिवा, विवेक दुबे, आरक्षक अमृत मेरावी और नीरज मिश्रा की सराहनीय और महत्वपूर्ण भूमिका रही।








