टाटानगर-इतवारी एक्सप्रेस के मंडला फोर्ट तक विस्तार की मांग
19 घंटे खाली खड़े आइडल रेक के सदुपयोग के लिए रेल मंत्रालय को भेजा ज्ञापन
- आदिवासी अंचल को मिलेगी नागपुर की सीधी कनेक्टिविटी
- इतवारी एक्सप्रेस को मंडला तक चलाने पीएम व रेल मंत्री से की गई मांग
मंडला महावीर न्यूज 29. आदिवासी बाहुल्य मंडला और डिंडोरी जिले को बेहतर रेल कनेक्टिविटी से जोडऩे के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। स्वतंत्र रेल एक्टिविस्ट नितिन सोलंकी ने पत्र के माध्यम से टाटानगर-इतवारी एक्सप्रेस गाड़ी संख्या 18109/18110 को छिंदवाड़ा-सिवनी-नैनपुर मार्ग से होते हुए मंडला फोर्ट तक विस्तारित करने की मांग की है। इसे लेकर प्रधानमंत्री कार्यालय, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, रेलवे के बिलासपुर जोन और नागपुर मंडल को ज्ञापन व सुझाव भेजा गया है।
प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार टाटानगर-इतवारी एक्सप्रेस सुबह 5 बजे इतवारी (नागपुर) पहुंचती है और रात 12.05 बजे वापस टाटानगर के लिए रवाना होती है। इस बीच यह ट्रेन लगभग 19 घंटे तक इतवारी यार्ड में खाली खड़ी रहती है। यदि इस खाली समय दिन के दौरान में ट्रेन को इतवारी से छिंदवाड़ा-सिवनी-नैनपुर होते हुए मंडला फोर्ट तक चलाया जाए, तो बिना किसी अतिरिक्त वित्तीय बोझ के रेलवे को भारी राजस्व मिलेगा।
बनाई गई प्रस्तावित समय सारणी
बताया गया कि छिंदवाड़ा सांसद विवेक बंटी साहू ने भी इस ट्रेन को छिंदवाड़ा तक बढ़ाने की मांग की है। ऐसे में यदि इसे मंडला तक विस्तारित किया जाता है, तो पूरे आदिवासी जिले को नागपुर की सीधी कनेक्टिविटी मिल सकेगी। बताया गया कि इसके लिए परिचालन परीक्षण हेतु प्रस्तावित समय-सारणी बनाई गई है। जिसमें इतवारी से प्रस्थान सुबह 10.15 बजे, मंडला फोर्ट आगमन दोपहर 3 बजे, मंडला फोर्ट से प्रस्थान शाम 05.15 बजे, इतवारी आगमन रात 10.30 बजे, इतवारी से टाटानगर प्रस्थान रात 12.05 बजे अपने निर्धारित समय पर प्रस्थान करेगी।
आम जनता और अंचल को होंगे ये बड़े फायदे
बताया गया कि नागपुर के सुपर-स्पेशलिटी अस्पतालों और उच्च शिक्षण संस्थानों में जाने वाले मरीजों और विद्यार्थियों को निजी बसों के महंगे किराये से बड़ी राहत मिलेगी। पितृ पक्ष व अन्य अवसरों पर नर्मदा संगम तट मंडला पर तर्पण के लिए देश भर से आने वाले श्रद्धालुओं को आवागमन में सुविधा मिलेगी। क्षेत्रीय नागरिकों ने मांग की है कि रेल मंत्रालय कागजी औपचारिकताओं से इतर जल्द से जल्द इसका परिचालन व्यवहार्यता परीक्षण कराकर आदिवासी अंचल को इस रेल सेवा का लाभ प्रदान करे।
इनका कहना है
नागपुर और जबलपुर के लिए सीधी ट्रेन हमारी पुरानी मांग है। टाटानगर-इतवारी एक्सप्रेस दिनभर 19 घंटे खाली खड़ी रहती है। अगर इसे मंडला फोर्ट तक बढ़ा दिया जाए, तो मरीजों के इलाज, बच्चों की पढ़ाई और व्यापार में बहुत आसानी होगी। हमारी अपील है कि इसे जल्द शुरू किया जाए।
संतोष कुमार, यात्री
गरीब जनता को मजबूरी में निजी बसों का भारी-भरकम किराया देकर नागपुर जाना पड़ रहा है। जब ट्रेन दिनभर 19 घंटे खाली खड़ी रहती है, तो इसे मंडला फोर्ट तक क्यों नहीं चलाया जा रहा, रेलवे को इस आइडल रेक का तुरंत इस्तेमाल कर आम लोगों को महंगे बस किराए से राहत देनी चाहिए।
राहुल, यात्री










