शिक्षा की मुख्यधारा से जुड़ेंगे दिव्यांग बच्चे
नारायणगंज में आत्मीय सम्मान के साथ मनाया शाला प्रवेश उत्सव
- तिलक और पुष्पों से हुआ नन्हें सितारों का स्वागत
- दिव्यांग विद्यार्थियों को नि:शुल्क उपकरण और सुविधाओं का मिलेगा लाभ
मंडला महावीर न्यूज 29. नारायणगंज विकासखंड में नवीन शैक्षणिक सत्र का आगाज समावेशी शिक्षा के एक प्रेरक संदेश के साथ हुआ। यहाँ शाला प्रवेश उत्सव के अवसर पर दिव्यांग बच्चों को विद्यालयों में प्रवेश दिलाकर उनका विशेष सम्मान किया गया। शिक्षकों ने बच्चों को तिलक लगाकर, पुष्पमाला पहनाकर और नि:शुल्क पाठ्यपुस्तकें भेंट कर उनका आत्मीय स्वागत किया, जिससे बच्चों और अभिभावकों में भारी उत्साह देखा गया।
श्रवण बाधित बालिका खुशी का हुआ भव्य प्रवेश
इस सत्र में प्राथमिक शाला चंदेहरा में श्रवण बाधित बालिका खुशी धुर्वे का कक्षा 1 में नामांकन कराया गया। विद्यालय के शिक्षक सूरज मरावी ने खुशी की शिक्षा की विशेष जिम्मेदारी लेते हुए संकल्प लिया कि बालिका का शैक्षणिक स्तर सामान्य बच्चों के समान और उससे भी बेहतर बनाने का पूर्ण प्रयास किया जाएगा।

पुनर्वास और सुविधाओं पर विशेष फोकस
एमआरसी शेख इरफान ने बताया कि समावेशी शिक्षा के अंतर्गत दिव्यांग बच्चों को मेडिकल प्रमाण पत्र, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, और विभिन्न भत्ते उपलब्ध कराए जाते हैं। समग्र शिक्षा अभियान के माध्यम से पात्र बच्चों को ट्राईसाइकिल, व्हीलचेयर, और टीएलएम किट जैसे आवश्यक उपकरण नि:शुल्क प्रदान किए जाते हैं। साथ ही, शिक्षकों को ब्रेल और सांकेतिक भाषा का प्रशिक्षण देकर बच्चों के सर्वांगीण विकास को सुनिश्चित किया जा रहा है। इस दौरान जनपद शिक्षा केंद्र की पूरी टीम बीएसी, एमआईएस और अन्य कर्मचारी इन बच्चों की सेवा और सहयोग के लिए सक्रिय रहे। विकासखंड के संसाधन केंद्रों में अभिभावकों और शिक्षकों को समय-समय पर मार्गदर्शन भी दिया जा रहा है।

इनका कहना है
कोई भी दिव्यांग बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। समाज के जिम्मेदार नागरिक, शिक्षक और पंचायत सचिव इस पुण्य कार्य में सहभागी बनें।
कमलेश भावेदी, बीआरसी नारायणगंज
जिले में मेडिकल कैंप और एलिम्को के सहयोग से निरंतर उपकरण वितरण शिविर आयोजित किए जा रहे हैं, जिससे दिव्यांग बच्चे समाज की मुख्यधारा से मजबूती से जुड़ सकें।
केके उपाध्यक्ष, एपीसी, जिला शिक्षा केंद्र, मंडला











