12 साल के बालक का अद्भुत हुनर
स्वयं मिट्टी से मूर्तियां बनाकर कर रहा पूजा-अर्चना
- कला देख अचंभित हैं ग्रामीण
- गणेश के बाद बनाई मां दुर्गा की आकर्षक प्रतिमा
- 9 दिन का व्रत रख किया विसर्जन
- क्षेत्रवासी मान रहे मां सरस्वती का वरदान
मंडला महावीर न्यूज 29. बबलिया के समीपस्थ ग्राम सुखराम के इमली टोला में एक 10-12 वर्षीय बालक की अद्भुत कला और भक्ति इन दिनों पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी हुई है। कक्षा आठवीं में पढ़ने वाले इस नन्हे छात्र ने अपनी मूर्ति कला से सभी को हैरत में डाल दिया है।
गणेश जी के बाद बनाई मां दुर्गा की प्रतिमा
जानकारी के अनुसार, इस होनहार छात्र ने वर्ष 2026 की गणेश चतुर्थी पर स्वयं अपने हाथों से भगवान गणेश की प्रतिमा का निर्माण किया था और 14 दिनों तक पूजा-अर्चना के बाद उसका विसर्जन किया। इसके बाद, अक्टूबर में शारदीय नवरात्रि के अवसर पर इस बालक ने मां दुर्गा की आकर्षक प्रतिमा का निर्माण किया। न केवल प्रतिमा बनाई, बल्कि स्वयं पूरे नौ दिनों तक व्रत धारण कर विधि-विधान से माता की पूजा-अर्चना की और आज श्रद्धापूर्वक उसका विसर्जन भी किया गया।
हुनर देख ग्रामीण बता रहे देवी का वरदान
बालक द्वारा बनाई गई मां सरस्वती की एक सुंदर प्रतिमा भी वहां विराजमान है। इतनी छोटी सी उम्र में मिट्टी से इतनी सजीव और कलात्मक प्रतिमाएं गढ़ने के हुनर को देखकर क्षेत्रवासी हैरान हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इस बच्चे के हाथों में साक्षात मां सरस्वती का वास है और यह उन पर देवी की विशेष कृपा है। बालक की इस कला और धर्म के प्रति उसके समर्पण को देखकर पूरे क्षेत्र में हर्ष का माहौल है और लोग उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना कर रहे हैं।










